सीजीटीएन सर्वे:जब मशीनें सोचना शुरू कर देंगी, तो इंसान को किन सवालों के जवाब देने होंगे?
इतिहास में, हर तकनीकी क्रांति ने मानवीय क्षमताओं के प्रदर्शन और मानवता की परिभाषा में एक नया आयाम जोड़ा है। लेकिन कृत्रिम बुद्धिमत्ता इससे कहीं अधिक गहरा बदलाव लाती है। यह अब केवल वास्तविकता को दर्ज नहीं करती, बल्कि उसका पूर्वानुमान भी लगाने लगी है।
21-Jul-2026