मुंबई में चीनी महावाणिज्य दूतावास द्वारा 2026 चीनी नव वर्ष रिसेप्शन का सफल आयोजन
भारत के मुंबई में चीनी महावाणिज्य दूतावास ने बुधवार को 2026 चीनी नव वर्ष (स्प्रिंग फेस्टिवल) रिसेप्शन का भव्य आयोजन किया। इस अवसर पर मुंबई और आसपास के क्षेत्र में रहने वाले चीनी प्रवासियों, चीनी उद्यमों के प्रतिनिधियों, राजनयिक मिशनों के सदस्यों और विभिन्न क्षेत्रों के लगभग 300 भारतीय मित्र उपस्थित रहे। मुंबई में चीनी कौंसल जनरल छिन च्ये ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2025 में चीन-भारत सम्बंधों ने दोनों देशों के नेतृत्व के रणनीतिक मार्गदर्शन में निरंतर सुधार देखा। दोनों देशों की अर्थव्यवस्थाओं ने स्थिर वृद्धि दर्ज की, जिसने घनिष्ठ सहयोग के लिए ठोस आधार तैयार किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2026 चीन की 15वीं पंचवर्षीय योजना (2026-2030) का प्रथम वर्ष होगा, जिसमें चीन उच्च गुणवत्ता वाले विकास और उच्च स्तरीय खुलेपन को जारी रखेगा। चीन ब्रिक्स के 2026 के अध्यक्ष के रूप में भारत का समर्थन करेगा और विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को गहरा करेगा।

14-Feb-2026

टिप्पणी

चीन का पहला इमोशन लाइब्रेरी 10 फरवरी को परीक्षण के लिए खुला

चीन का पहला इमोशन लाइब्रेरी 10 फरवरी को परीक्षण के लिए खुला

चीन के हुबेई प्रांत में "भावना" को मुख्य विषय बनाकर बनाया गया चीन का पहला सार्वजनिक पुस्तकालय, इमोशन लाइब्रेरी, परीक्षण के लिए आधिकारिक तौर पर खुल गया। पुस्तकालय को इमोशनल बुकशेल्फ़, इमर्सिव एक्सपीरियंस, हीलिंग गार्डन, थीमैटिक आर्ट गैलरी और ड्रीम इंटरप्रिटेशन जैसे अनुभागों में विभाजित किया गया है। इसमें एआई चेहरा पहचान, इंटेलिजेंट कैमरे और इमर्सिव ऑडियोविजुअल एक्सपीरियंस जैसी इंटरैक्टिव तकनीकों का उपयोग किया गया है। 350 वर्ग मीटर के इमोशन लाइब्रेरी में कदम रखते ही एक गर्मजोशी भरा और सुकून देने वाला वातावरण आपका स्वागत करता है। रोशनी हल्की है और इंटरैक्टिव इंस्टॉलेशन गतिशील हैं, जो पाठकों को कुछ देर रुकने, प्रदर्शनियों का अनुभव करने और शांत बातचीत में शामिल होने का अवसर देते हैं।
13-Feb-2026
Year of the Horse: रफ़्तार, हौसले और प्रगति का साल

चीनी राशि चक्र की कहानी बड़ी दिलचस्प है। इसमें बारह जानवर होते हैं और हर जानवर का अपना एक साल होता है, जो बारह साल बाद फिर लौटकर आता है। इस चक्र में घोड़ा सातवें स्थान पर है। लेकिन घोड़ा सिर्फ एक गिनती नहीं है। चीनी संस्कृति में उसे बहुत सम्मान और महत्व दिया जाता है। इतिहास पर नज़र डालें तो साफ दिखता है कि इंसानी सभ्यता के विकास में घोड़े की भूमिका बहुत बड़ी रही है। युद्ध हो या संदेश पहुँचाना, खेती हो या शाही सवारी- हर जगह घोड़ा इंसान का भरोसेमंद साथी रहा है। यही वजह है कि चीनी नववर्ष में घोड़े का साल शुभ, शक्तिशाली और तरक्की का प्रतीक माना जाता है।

14-Feb-2026