चीन की राजधानी पेइचिंग में 19 सितंबर को मराठी मित्रमंडल द्वारा गणपति उत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
चीन एआई और तकनीक के फील्ड में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। चीन में हो रहे नवाचार और शोधकार्यों का नतीजा यह हुआ कि चीन ने स्मार्ट और दुनिया को चौकाने वाले ह्यूमॉनइड रोबोट तैयार किए हैं।
चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया दिल्ली में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान मुलाकात हुई। सात साल में यह शी की पहली भारत यात्रा थी। विशेषज्ञों के अनुसार, यह मुलाकात द्विपक्षीय संबंधों में सुधार के साथ-साथ ग्लोबल साउथ (वैश्विक दक्षिण) के देशों को अंतरराष्ट्रीय मंच पर मजबूती प्रदान करेगी। चीन ने भारत की अध्यक्षता में आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन का पूरा समर्थन किया। दोनों नेताओं ने सीमा मुद्दों सहित विभिन्न मतभेदों को बातचीत और शांतिपूर्ण तरीके से हल करने पर सहमति जताई। यह मुलाकात बहुपक्षवाद को बढ़ावा देने और एकपक्षवाद के खिलाफ एक मजबूत संदेश है, जिससे वैश्विक चुनौतियों से निपटने में नई ऊर्जा मिलेगी।
भारत में आयोजित 18वां ब्रिक्स सम्मेलन सफलता से संपन्न हो गया है,जिसमें कई देशों के राष्ट्र प्रमुखों और नेताओं ने शिरकत की। जो ब्रिक्स देशों के बीच आपसी सहयोग और तालमेल का भी प्रतीक रहा। इस दौरान चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन और भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर देश-दुनिया की मीडिया की नजर रही। इन तीनों नेताओं को एक मंच और एक साथ देखना सुखद रहा, इससे ग्लोबल साउथ की बढ़ती ताकत का अंदाजा लगाया जा सकता है। वहीं ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी और अबू धाबी के क्राउन प्रिंस व सऊदी अरब के विदेश मंत्री आदि की मौजूदगी से ब्रिक्स देशों के बीच एकजुटता नजर आयी। जबकि संयुक्त घोषणा पत्र ने दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचा।
दिल्ली में आयोजित हो रहे 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग व भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भेंट को जानकार द्विपक्षीय संबंध बेहतर होने की दिशा में अहम कदम मान रहे हैं।
भारतीय वैश्विक परिषद (आईसीडब्ल्यूए) के सीनियर फेलो फज्ज़ुर रहमान सिद्दीकी ने कहा कि ब्रिक्स शिखर सम्मेलन भारत और चीन दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों के लिहाज से एक बड़ा मौका हो सकता है।
सीजीटीएन हिंदी संवाददाता अनिल पांडेय ने भारतीय वैश्विक परिषद(ICWA) के सीनियर फेलो और अंतर्राष्ट्रीय मामलों के जानकार फ़ज्जुर रहमान सिद्दीकी के साथ वीडियो इंटरव्यू किया।
भारत की अध्यक्षता में 18वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन राजधानी दिल्ली में आयोजित होने जा रहा है। वैश्विक उथल-पुथल और संघर्षों के इस दौर में ब्रिक्स का आयोजन काफी महत्व रखता है।
विभिन्न क्षेत्रों में दुनिया को आश्चर्य में डालने वाले चीन ने अब अंतर्राष्ट्रीय कमर्शियल पैसेंजर विमान परिचालन के क्षेत्र में भी कदम रख दिया है।
चाइना के C919 विमान ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर संचालन शुरू कर दिया है। अब तक बोइंग और एयरबस जैसी कंपनियों के दबदबे वाले एविएशन बाज़ार में चीन अपनी जगह बना रहा है।
चीन की पहल पर दो दशक पहले स्थापित शांगहाई सहयोग संगठन(एससीओ) आज एक बड़ा और प्रभावशाली मंच बन गया है।
चीन विज्ञान व स्वास्थ्य के क्षेत्र में नए-नए प्रयोग और शोध करने में लगा हुआ है। आए दिन हमें चीनी वैज्ञानिकों द्वारा की जा रही खोजों और शोध कार्यों के बारे में देखने और सुनने को मिलता है। इस तरह चीन की भूमिका ज्यादा महत्वपूर्ण होती जा रही है।