चीन का सैन्य खर्च देश की आर्थिक व समग्र राष्ट्रीय शक्ति से मेल खाता है। हाल में रूस के कॉम्मनटारी वेबसाइट में इस बारे में एक लेख जारी किया गया है। वेबसाइट ने वर्ष 2011 में चीन का सैन्य खर्च 6 खरब 1 अरब 10 करोड़ युआन पहुंचने का अनुमान लगाया है। इसमें पिछले साल की तुलना में 12.7 प्रतिशत का इजाफा होने की उम्मीद है। वेबसाइट में कहा गया कि चीन दुनिया में दूसरा आर्थिक समुदाय बन चुका है, अगर उसका सैन्य खर्च भी दूसरे नंबर पर पहुंचे, तो यह निष्पक्ष और उचित होगा।
ब्रिटेन के द टाइम्स के मुताबिक इस इजाफे के बावजूद चीन का सैन्य बजट देश के कुल बजट का सिर्फ 6 प्रतिशत होगा। यह दर अन्य देशों से बहुत कम है।
अमेरिका के द न्यूयार्क टाइम्स ने भी चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के प्रवक्ता ली जोशींग के हवाले से कहा कि चीन के सैन्य खर्च में जो इजाफा हुआ है, उसका इस्तेमाल उपकरणों का निर्माण करने और सैनिकों का जीवन स्तर बढ़ाने में किया जाएगा।
(दिनेश)















