
अब 29 वर्षीय लुरुंगलिशिन च्यामा उद्योग व व्यापार कम्पनी का उप जनरल मैनेजर नियुक्त हुए हैं। यह कम्पनी पहले च्यामा टाऊनशिप द्वारा स्थापित काफिले की उप शाखा थी, ह्वाथाइलुंग कम्पनी ने एक करोड़ 60 लाख य्वान जुटाकर समूचे टाऊनशिप के 655 किसान व चरवाहे परिवारों के साथ उक्त कम्पनी को खरीद लिया, गांव वासियों को इस कम्पनी के कुल शेयरों का 49 प्रतिशत मिलता है , हर वर्ष उन्हें इस से लाभ मिलता है। मसलन 2011 के अंत में च्यामा टाउनशिप के हर किसान व चेरवाहे परिवार को 1800 से अधिक य्वान का मुनाफा हुआ।
इस के अलावा ह्वाथाइलुंग कम्पनी ने चार करोड़ 70 लाख य्वान लगाकर स्थानीय यातायात और जीवन स्थिति को सुधार दिया । खान क्षेत्र जाते समय राजमार्ग के दोनों किनारों पर हरे भरे पेड़ उगे हुए दिखाई देते हैं , जो बेहद दर्शनीय लगते हैं। ज्ञान विज्ञान, वातावरण संरक्षण, हरापन और सामंजस्य की निर्माण धारणा का अनुसरण करते हुए ह्वाथाइलुंग कम्पनी ने स्थानीय वासियों की ओर से प्रशंसा जीती ही नहीं, स्थानीय सरकारी विभागों की ओर से पुष्टि भी प्राप्त कर ली है। तिब्बत स्वायत्त प्रदेश की मोचुकुंगका कांऊटी कमेटी के सचिव लिन थाओ ने परिचय देते हुए कहा:"चीनी सोना समूह के अधीन ह्वाथाइलुंग कम्पनी ने उपक्रम के प्रबंधन को महत्व देने के साथ साथ जातीय कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण पर जोर दिया है, इतना ही नहीं, स्थानीय वासियों को रोजगार दिलाने के लिये हरचंद प्रयास भी किया है, जिस से उसे च्यामा टाऊनशिप के स्थानीय वासियों की ओर से खूब दाद मिली है।"
रिपोर्ट के अनुसार ह्वाथाइलुंग कम्पनी के दूसरे चरण की परियोजना में खनिज पदार्थों की दैनिक निपटारा मात्रा 40 हजार टन का लक्ष्य रखा गया है, तब से ह्वाथाइलुंग कम्पनी पठारीय क्षेत्र में चीन का सब से बड़ा खनन उपक्रम का रुप लेगा । थंग युंग छिंगने इस का उल्लेख करते हुए कहा:"हम चीनी सोना समूह के अनुरोध के अनुसार वर्तमान आदर्श उपक्रमों की निर्माण , ज्ञान विज्ञान व वातावरण संरक्षण की धारणा से अपनी इस कम्पनी को बखूबी अंजाम देने और इस उपक्रम का विकास करने के चलते तिब्बती जनता को आर्थिक लाभ पहुंचाने और जीवन सुधार करने को संकल्पबद्ध हैं।"















