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(GMT+08:00) 2005-10-26 13:54:54    
सिनच्यांग वेगुर स्वायत प्रदेश का फलता फूलता पर्यटन उद्योग

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प्रिय मित्रो , जैसा कि आप को पता है कि पश्चिम उत्तर चीन में स्थित सिनच्यांग वेगुर स्वायत प्रदेश का पर्यटन सनसाधन अत्यंत पर्याप्त है , स्वायत प्रदेश में प्राचीन सांस्कृतिक अवशेष , प्राथमिक रमणीक स्थल और विशेष जातीय रीति रिवाज अपने ढंग के हैं । पिछले दसियों सालों के पर्यटन उद्योग के तेज विकास के चलते सिनच्यांग वेगुर स्वायत प्रदेश में बड़ा बदलाव आया है ।

कनास झील पर्यटन क्षेत्र में रहने वाले येरदेशी को पर्यटन के विकास काफी लाभ मिला है और उन का रहन सहन भी पर्यटक कार्य के विकास से बदल गया है । अब घर में नया टी वी सेट , टेलिफोन और फ्रीज़ आदि अनेक प्रकार के आधुनिक विद्युत उपकरण खरीद लिये गये हैं । इतना ही नहीं , वे इस वर्ष में एक कार भी खरीदना चाहते हैं ।

कनास झील के तट पर हुए परिवर्तन की ही तरह सिनच्यांग वेगूर स्वायत प्रदेश के अन्य बहुत से रमणीक सथलों में बसे स्थानीय निवासियों ने पर्यटन उद्योग के विकास के जरिये अपने जीवस को काफी हद तक सुधार दिया है । कनास झील के तट पर हुए परिवर्तन की ही तरह सिनच्यांग वेगूर स्वायत प्रदेश के अन्य बहुत से रमणीक सथलों में बसे स्थानीय निवासियों ने पर्यटन उद्योग के विकास के जरिये अपने जीवस को काफी हद तक सुधार दिया है . प्रसिद्ध अंगूर उत्पादन क्षेत्र तूरपा में बसे वेगुर जातीय बुजुर्ग अप्लिज भी उन में से एक हैं ।

जब हमारे संवाददाता बुजुर्ग अप्लिज से मिलने के लिये उन के घर पहुंचे , तो वे कुछ पर्यटकों के सत्कार में व्यस्त थे । उन्हों ने कुछ मेवा , ताजा फल व खुद तैयार विशेष पकवान मेहमानों को खिलाते हुए हमारे संवाददाता से कहा कि दसेक साल से पहले उन के यहां पर्यटन कार्य के विकास के चलते उन का घर पर्यटकों का सत्कार करने में लग गया और उन का जीवन स्तर भी दिन ब दिन उन्नत होता गया है । उन्हों ने कहा कि हर वर्ष हम अपने घर में ही एक हजार से अधिक पर्यटकों का सत्कार करते हैं ।

आंकड़ों के अनुसार गत वर्ष सिनच्यांग वेगुर स्वायत प्रदेश ने तीन लाख विदेशी मेहमानों और एक करोड़ 20 लाख देशी पर्यटकों का सत्कार किया है , पर्यटन से प्राप्त आय सिनच्यांग के जी डी पी का पांच प्रतिशत बनती है . कहा जाता है कि सिनच्यांग के निवासियों की जेब में जो हर सौ य्वान बढ़ा है , उन में से आठ य्वान पर्यटन कार्य से प्राप्त हुआ है ।

पर्यटन कार्य के विकास को गति देने के लिये पिछले पांच सालों में सिनच्यांग वेगुर स्वायत प्रदेश ने क्रमशः चार अरब य्वान लगाकर पर्वत झील पारिस्थितिकी पर्यटन स्थल , जोखिम भरी रेगिस्तान खोज , घास मैदान व चेरागाह , ऐतिहासिक व सांस्कृतिक प्राचीन अवशेष और विशेष सांसारिक व रहन सहन उद्यान ये पांच अलग पहचान वाले पर्यटन क्षेत्र स्थापित किये हैं । इस के अलावा केंद्रीय सरकार और सिनच्यांग की स्थानीय सरकार ने सिनच्यांग के पर्यटन संस्थापनों व रमणीय स्थल की ओर जाने वाले विशेष हवाई अडडों के निर्माण में दस अरब य्वान का अनुदान भी किया है ।

बेशक , बड़ी तादाद में पर्यटकों के पहुंचने से रमणीय क्षेत्रों के पारिस्थितिकी के संरक्षण पर दबाव बढ़ गया है । हमारे संवाददाता ने देखा कि कनास झील पर्यटन क्षेत्र में उत्तरोत्तर निवेशक यहां निवेश के लिये आये हैं और उन्हों ने बहुत से होटल व रेस्ट्रां स्थापित किये हैं , पर ये निर्माण रमणीय स्थल के प्राकृतिक माहौल से मेल नहीं खाते हैं . ऐसी स्थिति को बदलने के लिये कनास झील पर्यटन प्रबंधन विभाग ने यह फैसला किया है कि इस साल के अक्तूबर से पर्यटन क्षेत्र के अंदर निर्मित अधिकांश होटलों को हटाया जायेगा , केवल तुवा वासियों और अन्य आदिम वासियों के मकान सुरक्षित रखे जायेंगे । जब कि नये पर्यटन होटल अन्य संस्थापन कनास झील से तीस किलोमीटर की दूरी पर निर्मित होंगे । जब हमारे संवाददाता वहां उस नये स्थल पहुंचे , तो देखा कि युरोपीय वास्तु शैलियों में निर्मित मकान कतारों में सुव्यवस्थित रूप से खड़े दिखाई देते हैं । कनास झील पर्यटन क्षेत्र के कर्मचारी सुश्री चांग

हुंग ने कहा कि ये नये सुविधाजनक संस्थापन बाद में पर्यटकों के सत्कार में लाये जायेंगे । कनास झील पर्यटन क्षेत्र के संरक्षण के लिये हम ने कनास झील पर्यटन क्षेत्र में नव निर्मित जीवन संस्थापन यहां से तीस किलोमीटर की दूरी पर स्थानांतरित करेंगे । बाद में कोई भी पर्यटक कनास आयेगा , तो वह पर्यटन क्षेत्र के अदर रहने के बजाये इसी क्षेत्र में रहेगा । इस से कनास के पारिस्थितिकि पर्यावरण को और अच्छी तरह बरकरार होगा ।

रिपोर्ट के अनुसार इस नये स्थल की स्थापना के बाद प्रतिदिन कोई पांच हजार पर्यटकों का सत्कार किया जायेगा ।