Web  hindi.cri.cn
मनपा जाति के काष्ठ कटोरा बनाने में निपुर्ण हस्त शिल्पकार कर्मा त्सेरिंग की कहानी
2012-02-10 16:10:19

कर्मा त्सेरिंग ने हमें बताया कि हालांकि माग्मांग टाउनशिप में काष्ठ कटोरा बनाने का कला कौशल बहुत विख्यात है, पर लम्बे अर्से में इसी कलाकौशल पर महारत हासिल करने वाले लोग अधिकतर बुजुर्ग हैं। इस मूल्यवान कला कौशल का विरासत में ग्रहण किये जाने के लिये दो साल पहले माग्मांग टाउनशिप की स्थानीय सरकार ने विशेष तौर पर काष्ठ कटोरा प्रशिक्षित कक्षा खोली और युवाओं को काष्ठ कटोरा बनाने की शिल्पकला सीखाने के लिये दो अनुभवी शिल्पकारों को आमंत्रित कर दिया । अब इस टाउनशिप में बसी मनपा जाति में करीब दस प्रतिशत लोग काष्ठ कटोरा बनाने के कलाकौशल पर महारत हासल कर चुके हैं ।

इन युवा शिल्पकारों को और जीजान से काष्ठ कटोरे बनाने देने के लिये माग्मांग टाउनशिप की स्थानीय सरकार ने मुफ्त में वर्कशाप, पानी व बिजली और औजार आदि सुविधाएं उपलब्ध कराईं। कर्मा त्सेरिंग ने कहा कि पहले मनपा जाति काष्ठ कटोरा बनाने के लिये हस्तशिल्प पर निर्भर थी। लेकिन आज कार्य क्षमता को बढाने के लिये टाउनशिप ने काष्ठ कटोरा मशीन भी खरीदकर लगायी।

"पहले हस्तकौशल के जरिये एक काष्ठ कटोरा बनाने में काफी ज्यादा समय लगता था, आम तौर पर दोनों व्यक्तियों को साथ मिलकर एक काष्ठ कटोरा बनाने में एक घंटे की जरूरत थी। जबकि अब मशीन के माध्यम से एक व्यक्ति 15 मिनट में ही एक काष्ठ कटोरा बनाने में समर्थ है।"

कार्यक्षमता बड़ी हद तक बढ़ गयी है, इस से शिल्पकारों को पहले से ज्यादा अवकाश का समय मिल गया है, अब कर्मा त्सेरिंग अपने साथियों के साथ मिलकर अवकाश के समय में काष्ठ कटोरों की नयी विविधतापूर्ण किस्मों का आविष्कार करने के लिये प्रयासशील हैं। अतः उन के द्वारा तैयार सुंदर काष्ठ कटोरे हाथों हाथ बिक जाते हैं। वे न सिर्फ अपने काष्ठ कटोरों को लेग्पो के दौरे पर आने वाले पर्यटकों को बेचते हैं, बल्कि हर साल के दिसम्बर में वे अपने काष्ठ कटोरों को बेचने के लिये लोका क्षेत्र में आयोजित नियमित साज सामान व्यापार मेले भी जाते हैं। इसी मंच के जरिये आज कर्मा त्सेरिंग द्वारा तैयार काष्ठ कटोरे तिब्बत के विभिन्न क्षेत्रों में बिक जाते हैं।

कर्मा त्सेरिंग का घर माग्मांग टाउनशिप के दूरस्थ क्षेत्र में स्थित है और वहां की यातायात स्थिति सुविधा नहीं है, इसे ध्यान में रखकर उन्होंने इस टाउनशिप के सुविधाजनक यातायात स्थल पर एक मकान किराये पर ले लिया, ताकि पर्यटकों को काष्ठ कटोरे खरीदने में सुविधा मिले। इस दस वर्गमीटर बड़े मकान में विशेष तौर पर अल्मारियां लगायी गयीं, जिन पर बड़े ढंग से नाना प्रकार वाले काष्ठ कटोरे दर्शाये गये हैं। आम दिनों में कर्मा त्सेरिंग वर्गशाप में काष्ठ कटोरे बनाने में लग जाते हैं, पर अधिकतर समय वे अपनी इस दुकान में काष्ठ कटोरे बेचते हैं, व्यस्तता की वजह से खाने का समय मिलना भी मुश्किल है, रोज रोज अपनी पत्नी उन्हें यहां तक खाना भेजती है।

वर्तमान में हालांकि कर्मा त्सेरिंग केवल काष्ठ कटोरा निर्माण धेधे में जुट गये हैं, पर हर वर्ष उन्हें करीब बीस हजार य्वान से अधिक लाभ फिर भी मिलता है, जो उन की पूरी पारिवारिक आय का 90 प्रतिशत है। जबकि दो साल पहले उन्हें पैसे कमाने के लिये बाहर जाना, जड़ी बुटियों को तोड़ने पर्वत जाना और खेती बाड़ी और पशु पालन का काम करना पड़ता था, ऐसा होने पर भी सालाना आमदनी 8 हजार य्वान से भी कम हुई।


1 2 3 4
आप की राय लिखें
Radio
Play
सूचनापट्ट
मत सर्वेक्षण
© China Radio International.CRI. All Rights Reserved.
16A Shijingshan Road, Beijing, China. 100040