
जापानी पुलिस विभाग ने 17 तारीख को बताया कि उसी दिन सुबह 10 बजे तक जापान में 11 तारीख को आए जबरदस्त भूकंप व सुनामी से 5178 लोगों की मौत हुई है और 8608 लोग लापता हैं। गंभीर विपत्ति ग्रस्त क्षेत्रों मियाकि खेन, फुकुशीमा खेन व इवाटा खेन के 8 कस्बों में शरण लेने वाले लोगों की संख्या 3 लाख 80 हजार तक पहुंच गई है और 1 लाख से अधिक मकान ढह गए हैं।
वर्तमान में फुकुशिमा प्रथम परमाणु बिजली घर के नंबर तीन व चार रिएक्टर का परमाणु ईंधन हवा में खुला है और रेडियोधर्मी पदार्थों का रिसाव होने की संकट बढ रहा है। जापान मेरीटाइम सेल्फ डिफेंस फोर्स व पुलिस 17 तारीख को हेलीकॉप्टरों से फुकुशिमा खेन के प्रथम परमाणु बिजली घर के नंबर तीन रिएक्टर का तापमान घटाने के लिए पानी फैंक रही है। लेकिन स्थानीय विकिरण की तीव्रता में निकट समय में बड़ा बदलाव नहीं आया है।
फुकुशिमा प्रथम परमाणु बिजली घर के कर्मचारी अन्य तीन रिएक्टरों का तापमान घटाने के लिए पानी डालते रहे हैं।
जापानी मंत्रिमंडल के महासचिव युकिओ ऐदानो ने कहा कि जापान में ईंधन की आपूर्ति का कोई सवाल नहीं है, देश के नागरिकों को डरने और ईंधन, खाद्यपदार्थों व जीवन सामग्री की जमाखोरी करने की जरूरत नहीं है।















