वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल की विशेष शिक्षा

2019-01-16 09:55:25
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दोस्तों, शानतुङ प्रांत के छिंगडाओ शहर के दक्षिणी जिले में स्थित वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल समुद्र से अलग नहीं है। स्कूल की स्थापना से वह समुद्रीय संस्कृति से खूब प्रभावित हुई। स्कूल की जगह भी पहाड़ व समुद्र के बीच है। उस के पीछे श्याओयू पहाड़ है, और सामने ह्वेई छ्वेन खाड़ी है। स्कूल में प्रवेश करते ही एक लाल रंग वाला बड़ा अक्षर समुद्र नज़र में आता है। अगर इस अक्षर को ध्यान से देखें, तो यह पता चलता है कि इस अक्षर में चीन की जातियों की भाषाएं और 16 विदेशी भाषाएं हैं। यह जाहिर हुआ है कि स्कूल समुद्र की भावना से सीखकर बच्चों को शिक्षा देती है।

वर्ष 2001 में पेइचिंग द्वारा ओलंपिक खेल का आयोजन करने का आवेदन सफल होने के बाद छिंगडाओ शहर ने पेइचिंग ओलंपिक की नौकायन प्रतियोगिता आयोजित करने का अधिकार जीता। इस प्रतियोगिता के आयोजन के अवसर पर छिंगडाओ शहर की सरकार ने सेलबोट शहर बनाने का रणनीतिक विचार निश्चित किया। वर्ष 2006 से पूरे शहर के विश्वविद्यालयों, मिडिल स्कूलों व प्राइमरी स्कूलों में सेलबोट खेल का प्रसार-प्रचार किया जाता है। ताकि युवाओं में सेलबोट खेल का विकास किया जा सके। वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल तो इस गतिविधि में शामिल हुई पहले खेप वाली स्कूलों में से एक है। वर्ष 2006 से अब तक सेलबोट गतिविधि इस स्कूल में 12 वर्षों तक जारी रही। छिंगडाओ शहर में सेलिंग प्रशिक्षण आधार के रूप में इस स्कूल ने कई वर्षों में लगातार छिंगडाओ शहर की सेलबोट प्रतियोगिता में चैंपियनशिप प्राप्त की। साथ ही उसे सेलबोट गतिविधि की श्रेष्ठ स्कूल की उपाधि मिली।

वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल की सेलबोट शिक्षा की चर्चा में स्कूल की प्रधानाचार्य हो वेई ने कहा कि स्कूल ने तीन पक्षों में सेलबोट खेल को सामान्य शिक्षा में शामिल किया। जिससे विद्यार्थी धीरे धीरे सेलबोट को जानने से इस में सक्रियता से भाग लेने लगे। उन्होंने कहा,पहले हमने सेलबोट खेल से जुड़ी जानकारियां कक्षा में शामिल की। स्कूल में तीसरे साल से ऊपर वाली कक्षाओं में सेलबोट शिक्षा दी जाती है। इस में सेलबोट से जुड़ी बुनियादी जानकारियों व बुनियादी तकनीकों का प्रसार प्रचार किया जाता है। उदाहरण के लिये सेलबोट के प्रकार व संरचना, या रस्सी को बांधने की कुछ तकनीक। दूसरे, सेलबोट खेल से जुड़ी कसरत की जाती है। अध्यापकों ने अपने आप एक सेलबोट व्यायाम बनाया। फिर हर इंटर-क्लास व्यायाम समय में पूरी स्कूल के विद्यार्थी एक साथ सेलबोट व्यायाम करते हैं। प्रसार-प्रचार के आधार पर हमने और उन्नत करके शर्त बनाकर कुछ क्लबों के साथ सहयोग किया, और सक्षम छात्रों को सचमुच सेलबोट के प्रशिक्षण में भाग लेने का मौका दिया।

हो वेई के अनुसार इन गतिविधियों ने न सिर्फ़ विद्यार्थियों के जीवन में रंग डाल दिया, बल्कि विद्यार्थियों की दृढ़ता व साहस, एकता व सहयोग जैसे अच्छी गुणवत्ता भी पैदा हुई। उन्होंने कहा,हमारे स्कूल की भौगोलिक स्थिति बहुत विशेष व अच्छी है। इसलिये हमने समुद्री संस्कृति के विकास पर बल दिया। सेलबोट एक बहुत विशेष कार्यक्रम बन चुका है। इस में समुद्र से जुड़ी कक्षा और औशेयनोग्रफ़ी का अध्ययन, सभी ने बच्चों की दृष्टि का विस्तार करने में मदद दी है। दक्षिणी जिल्ले ने हर स्कूल के लिये एक समुद्रीय विशेष ट्यूटर का आमंत्रण किया। ये ट्यूटर नियमित रूप से स्कूल में जाकर बच्चों को समुद्र से जुड़ी जानकारियां देते हैं, और बच्चों का नेतृत्व करके समुद्र से जुड़े प्रयोग करते हैं या अध्ययन करते हैं। बच्चों को इससे खूब लाभ मिला।

मैक्सिको न्यूज़ एजेंसी के संवाददाता कैरेन अलवार्डो ने भी वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल का दौरा किया। ह्वेई छ्वेन खाड़ी के आसपास बच्चों के सेलबोट का प्रशिक्षण लेने की छवि को देखकर उन्होंने कहा,वनतंग सड़क प्राइमरी स्कूल की शिक्षा व्यवस्था बहुत संपूर्ण है। बुनियादी शिक्षा के अलावा सेलबोट जैसी तरह तरह की गतिविधियों का आयोजन भी किया जाता है। मैक्सिको में अधिकतर स्कूलों में इतनी रंगारंग गतिविधियां नहीं होती। पब्लिक स्कूलों में खेल शिक्षा होती है। लेकिन ज्यादा पेशेवर नहीं है। यहां तक कि अगर स्कूल समुद्र के आसपास स्थित हैं, लेकिन पैसे के अभाव से इस तरह की गतिविधि भी नहीं की जा सकती। मेरे ख्याल से वनतंग सड़क स्कूल की शिक्षा न सिर्फ़ बच्चों के व्यक्तिगत विकास को मजबूत कर सकती है, बल्कि सारे देश के खेल कार्य को भी योगदान देगी।

प्रधानाचार्य हो वेई ने कहा कि समुद्रीय संस्कृति की विशेष शिक्षा देने का आरंभिक कारण बहुत सरल था, यानी बच्चे बचपन से ही समुद्र की भावना से कुछ सकारात्मक शक्ति लेकर भविष्य में एक अच्छा व सक्षम व्यक्ति बन सकेंगे। उन के अनुसार,हमारे स्कूल के आदर्श वाक्य का मतलब यह है कि हालांकि हमारे स्कूल बहुत छोटा है, लेकिन हमारे बच्चों को समुद्र जैसे मन होना चाहिये। हमने समुद्र की विशेषता, समुद्र का स्वभाव, समुद्र की भावना से शिक्षा का विचार व विषय रिफ़ाइनिंग किया, और इन्हें शिक्षा की गतिविधियों में शामिल किया। ताकि ज्यादा से ज्यादा बच्चों को इससे लाभ मिल सकें। यह हमारी समुद्रीय संस्कृति की विशेष शिक्षा देने का आरंभिक कारण है।

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