"एक पट्टी एक मार्ग"प्रस्ताव से नेपाली नागरिक उड्डयन विकास को मिला लाभ

2018-09-17 08:54:16
Comment
शेयर
शेयर Close
Messenger Messenger Pinterest LinkedIn

"एक पट्टी एक मार्ग"प्रस्ताव से नेपाली नागरिक उड्डयन विकास को मिला लाभ

चीन और नेपाल की सीमा पर खड़ा हिमालय दोनों देशों की जनता का समान गर्व है। इस पर्वत श्रृंखला के गवाह के तहत दोनों देशों के बीच मित्रता का लगातार विकास हो रहा है। इधर के सालों में "एक पट्टी एक मार्ग" प्रस्ताव पेश करने के बाद चीन और नेपाल के बीच कई सहयोग किए जा रहे हैं। दोनों देशों की संयुक्त पूंजी वाली हिमालय एयरलाइंस कंपनी इनमें से एक है।

हिमालय एयरलाइंस कंपनी की पंजीकृत पूंजी 2 करोड़ 50 लाख अमेरिकी डॉलर है, जिसका नियंत्रण नेपाली और चीनी कंपनियां संयुक्त रूप से करती हैं। 2015 के 9 मार्च को इस कंपनी को नेपाल नागरिक उड्डयन प्राधिकरण परिचालन प्रमाणन मिला। इस वर्ष 12 अप्रैल को नेपाल की राजधानी काठमांडू से श्रीलंका की राजधानी कोलंबो तक के प्रचारित हवाई मार्ग की पहली उड़ान शुरु हुई।

इस कंपनी की स्थापना की पृष्ठभूमि का परिचय देते हुए हिमालय एयरलाइंस के कार्यकारी महानिदेशक चाओ क्वोछ्यांग ने कहा कि "एक पट्टी एक मार्ग" प्रस्ताव से चीन-नेपाल सहयोग को नया अवसर मिला है, जिससे नेपाल की आर्थिक वृद्धि में नई प्रेरिक शक्ति का संचार हुआ है और साथ ही दोनों देशों के बीच मित्रता, आपसी विश्वास और संपर्क के लिए एक नया मंच भी प्रदान किया गया है। 19 अगस्त, 2014 को हिमालय एयरलाइंस कंपनी की स्थापना हुई, जो नेपाल के नागरिक उड्डयन क्षेत्र में चीन की सबसे बड़ी निवेश परियोजना है, इसके साथ ही तिब्बत स्वायत्त प्रदेश द्वारा विदेश में सबसे बड़ी निवेश परियोजना भी है। 

वर्तमान में हिमालय एयरलाइंस की काठमांडू से कतर की राजधानी दोहा, मलेशिया की राजधानी कुआलालंपुर, सऊदी अरब के बंदरगाह शहर दम्मम और संयुक्त अरब अमीरात के शहर दुबई तक आने वाली चार उड़ानें उपलब्ध हैं। ये हवाई मार्ग नेपाल के विदेशी श्रमिकों के लिए सबसे व्यस्त मार्ग हैं। कंपनी के नेपाली उप महाकार्यकारी विजय श्रद्धा ने कहा कि ये यात्री हिमालय एयरलाइंस की उड़ान से नेपाल और कार्य क्षेत्रों से यात्रा कर रहे हैं, जिससे नेपाल के आर्थिक विकास को आगे बढ़ाने के साथ नेपाल के लोगों को नई जानकारी और विकास के नए विचार भी मिले।

123MoreTotal 3 pagesNext

शेयर

सबसे लोकप्रिय

Related stories