"डिजिटल तिब्बत" का निर्माण करने का अभियान

2019-04-01 14:42:01
Comment
शेयर
शेयर Close
Messenger Messenger Pinterest LinkedIn

"डिजिटल तिब्बत" का निर्माण करने का अभियान


चीन के प्रधानमंत्री ली खछ्यांग ने पेइचिंग में आयोजित राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के पूर्णांधिवेशन में अपनी कार्य रिपोर्ट सुनाते हुए कहा कि चीन के आर्थिक विकास में नवाचार के माध्यम से नये उद्योग प्रारूप का विस्तार किया जाएगा और इसी बीच में बड़ा डेटा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता के अनुसंधान और विकास को जोर लगाया जाएगा। इस का मतलब है कि नई पीढ़ी की सूचना तकनीक, नई ऊर्जा, नई सामग्री और डिजिटल अर्थव्यवस्था के विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। प्रधानमंत्री की कार्य रिपोर्ट का जन प्रतिनिधि सभा में उपस्थित सभी सदस्यों की ओर से व्यापक स्वागत किया गया।

सलाहकार सम्मेलन की सदस्य, तिब्बत स्वायत्त प्रदेश से आई पेन्पा रामो ने कहा कि सरकार की कार्य रिपोर्ट में डिजिटल अर्थतंत्र के बारे में जो चर्चा की है वह बहुत अच्छा है। क्योंकि रामा को खुद भी तिब्बत में डिजिटल अर्थतंत्र का विकास करने की सपना मौजूद है। पेन्पा रामो को गत वर्ष राष्ट्रीय सलाहकार सम्मेलन का सदस्य निर्वाचित हुआ। इस वर्ष के सम्मेलन में उन्होंने तिब्बत में डिजिटल अर्थतंत्र के निर्माण के बारे में अपना प्रस्ताव पेश किया। उन के अनुसार तिब्बत स्वायत्त प्रदेश में डिजिटल अर्थतंत्र का विकास करने का रूझान अनिवार्य है। क्योंकि डिजिटल अर्थतंत्र के विकास से निष्पक्षता और दक्षता की एकता को बढ़ावा दिया जाएगा। पार्टी की केंद्रीय कमेटी डिजिटल अर्थतंत्र के विकास को विशेष महत्व देती है और महासचिव शी चिनफिंग ने पार्टी की 19वीं राष्ट्रीय कांग्रेस में यह प्रस्तुत किया कि नेटवर्क ताकत, डिजिटल देश तथा स्मार्ट समाज का निर्माण किया जाएगा। पेन्पा रामो ने कहा कि गत वर्ष प्रकाशित डिजिटल अर्थतंत्र विकास रिपोर्ट के अनुसार देश में कुल 442 शहरों ने सार्वजनिक सेवा के प्रावधान में मोबाइल भुगतान का उपयोग करना शुरू किया है। लेकिन तिब्बत स्वायत्त प्रदेश में कोई भी शहर इस सूची में शामिल नहीं है। पेन्पा रामो ने कहा कि तिब्बत को राष्ट्रीय सुरक्षा और पारिस्थितिक सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण गारंटी मानी जाती है, जिसका अहम रणनीतिक स्थान प्राप्त है। लेकिन अभी तक इस के सार्वजनिक सेवा से जुड़े बुनियादी उपकरण कमजोर हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे संदर्भ में संसाधन का आगे विकास करने की आवश्यकता है। सीमांत क्षेत्रों की सुरक्षा और सामाजिक स्थिरता में और अधिक शक्तियां डालने की जरूरत भी है। इसलिए तिब्बत में डिजिटल तकनीक के प्रयोग से उच्च गुणवत्ता वाला विकास किया जाना चाहिये। तिब्बत स्वायत्त प्रदेश के सोशल विज्ञान अकादमी के दक्षिण एशिया अनुसंधानशाले की उप प्रधान होने के नाते पेन्पा रामो ने डिजिटल अर्थतंत्र के विकास में दीर्घकाल तक अनुसंधान किया है। उन के विचार में तिब्बत में तकनीकी विकास का स्तर आपेक्षाकृत कमजोर है। सलाहकार सम्मेलन के सदस्यों को अपनी दिशा से प्रदेश के आर्थिक व सामाजिक विकास के संदर्भ में जो सवाल हैं, उन के समाधान के लिए सुझाव देना चाहिये।  

तिब्बत के नवाचार विकास में संस्कृति और तकनीक का एकीकरण

तिब्बत स्वायत्त प्रदेश की राजधानी ल्हासा शहर में वर्ष 2019 के जनवरी में एक पट्टी एक मार्ग नवाचार केंद्र की स्थापना की गयी जो ल्हासा शहर में विज्ञान व तकनीक उद्योगधंधों का इनक्यूबेटर माना जाता है। यह केंद्र प्रदेश में विशेष रूप से एक पट्टी एक मार्ग से जुड़े विज्ञान व तकनीक के नवाचार उत्पादों का अनुसंधान और बिक्री करने का आधार भी है। नवाचार केंद्र के संस्थापक चेन लींग का कहना है कि इस केंद्र में उत्पादित याक चमड़े का बैग देश में एक मात्र ही ऐसा उत्पाद है। क्योंकि याक चमड़े का प्रोसेसिंग करना बहुत मुश्किल है, एक याक के चमड़े से केवल एक ही बैग का उत्पादन किया जा सकता है। ऐसा उत्पाद बनाने में दूसरे प्रांतों की तकनीकी सहायता की जरूरत भी है।

अभी तक ल्हासा के एक पट्टी एक मार्ग नवाचार केंद्र के उत्पादों को सैकड़ों बौद्धिक संपदा पेटेंट प्राप्त हो चुके हैं। उस ने देश में अनेक सांस्कृतिक व तकनीकी कंपनियों के साथ सहयोगी संबंध कायम किये हैं। अपनी उत्पादन वस्तुओं को संस्कृति के साथ जोड़ देने से उच्च स्तरीय पर्यटन उत्पाद बनाया जाता है जिससे पारंपरिक संस्कृति और उद्योगधंधों का विकास किया गया है। चेन लींग ने कहा कि लोग आम तौर पर पारंपरिक कौशल से याक चमड़े के जूते या कपड़े बनाते हैं। लेकिन ऐसे उत्पादों का बाजार नहीं है। इसलिये हमें अनुसंधान करवाने के लिए अधिक निवेश लगाना चाहिये ताकि गरीबी उन्मूलन का साथ दिया जाए। इसी तरह हमारे उत्पाद को फ़ैशनबल प्रोडक्ट बनाया जाएगा और इसे फैशन बाजार में दाखिल कराया जाएगा।

ल्हासा शहर के पट्टी एक मार्ग नवाचार केंद्र में उत्पादन उद्योग के अलावा शैक्षणिक अनुसंधान, प्रशिक्षण कक्षाएं, सूचना मंच तथा अनुभव व प्रदर्शन आदि सर्विस भी शामिल हैं। यह नवाचार केंद्र खुला हुआ है, पर इसमें हरेक कंपनी स्वतंत्र भी है। विभिन्न कारोबारों के बीच अपनी अपनी विशेषता मौजूद होने के साथ साथ सहयोग के संबंध भी कायम हुए हैं। चेन लींग ने कहा कि हमारे नवाचार केंद्र में विभिन्न कारोबार एकीकृत ब्रांड स्थापित करने के लिए समान कोशिश कर रहे हैं। उदाहरण के लिए सांस्कृतिक कंपनी, सिटी प्लानिंग कंपनी, पर्यावरण संरक्षण कंपनी जातीय विशेषता सांस्कृतिक ब्रांड तथा उच्च तकनीक वाली उत्पादन वस्तुएं बनाने के लिए कोशिश कर रही हैं। और यह सभी कंपनियों की समान अवधारणा ही है।

तिब्बत में पृथ्वी के तीसरे ध्रुव पार्क समूह का निर्माण

हाल ही में आयोजित तिब्बती वनरोपण और घास के मैदान कार्य सभा में बीते वर्ष वानिकी कार्य में प्राप्त अनुभवों का सारांश किया गया और अगले साल में पूरे प्रदेश में वनरोपण और घास के मैदान कार्यों का विन्यास किया गया। सभा में कहा गया है कि नये साल में पेड़ लगाने वाले कार्यों का लक्ष्य साकार करने के लिए जिम्मेदारी की प्रणाली कायम करनी चाहिये और जिम्मेदारी उठाने का कर्तव्य व्यक्ति तक पहुंचना चाहिये।

तिब्बत में विशेष वातावरण होने की वजह से यहां वनरोपण लगाने के लिए विशेष पेड़ चुनना चाहिये। सरकार ने यह मांग की है कि अधिक से अधिक स्थानीय श्रेष्ठ वृक्ष प्रजातियों का प्रसार किया जाना चाहिये। ल्हासा, चिगात्ज़े, शाननान, न्यिंग-ची और छांगतु आदि क्षेत्रों में श्रेष्ठ बीज प्रजनन केंद्रों का निर्माण किया जाएगा। इस वर्ष पूरे प्रदेश में वन रोपण लगाने का लक्ष्य लगभग चार लाख हेक्टर तक जा पहुंचेगा। इसमें उन्नतिशील तकनीकों का विकास करने का महत्व साबित होगा। स्वायत्त प्रदेश की सरकार कृषि विज्ञान अकादमी के साथ सहयोग कर कुंजीभूत तकनीकों के अनुसंधान और प्रसार को बढ़ाने की भरसक कोशिश करेगी।

शेयर

सबसे लोकप्रिय

Related stories