20180625

2018-06-25 09:12:59
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ब्राज़ील में बढ़ रहा है चीनी पूंजी निवेश

 

हाल ही में ब्राज़ील के मशहूर थिंक टैंक गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन ने ब्राज़ील के दूसरे बड़े शहर रियो डी जेनेरियो में ब्राजील की मध्यस्थता के लिए चीन के निवेश की भूमिका शीर्षक पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। चीनी अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक और व्यापार मध्यस्थता आयोग के उप महासचिव ली हू, गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन के लॉ स्कूल के अध्यक्ष सेर्गियो गुएरा, गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन के मध्यस्थता बोर्ड के अध्यक्ष मार्कस एंटोनियो डी सूजा फेवर समेत चीन और ब्राज़ील के कानूनी जगत के जाने-माने व्यक्तियों ने दोनों देशों की कानूनी संस्कृति की समानताओं और मतभेदों, अर्थतंत्र, व्यापार, निवेश के क्षेत्रों में कानूनी मुद्दों पर आदान-प्रदान किया।

ब्राज़ील के परियोजना मंत्रालय द्वारा मई की शुरूआत में जारी आंकड़ों के अनुसार इस वर्ष के पिछले 4 महीनों में ब्राजील में चीनी उद्यमों के निवेश में बड़ा इजाफा हुआ है और कुल निवेश 1 अरब 34 करोड़ अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि के 36 लाख अमेरिकी डॉलर से अधिक रही। ब्राजील-चीन उद्योग और वाणिज्य संघ के अध्यक्ष चार्ल्स तांग ने संगोष्ठी में परिचय देते हुए कहा कि ब्राजील में चीन की निवेश संस्थाएं और उद्योग दिन प्रति दिन विविध हो रही हैं, जो ऊर्जा, कृषि, मेकैनिकल उपकरण, शिक्षा और खुदरा क्षेत्रों से संबंधित हैं। इस अवलोकन के अनुसार ब्राजील में चीन के निवेश बढ़ने से स्थानीय उद्यमों का स्वागत मिला।

उन्होंने कहा कि चीन के निवेश में बड़ी वृद्धि हो रही है। आर्थिक गिरावट और भ्रष्टाचार विरोधी अभियान से प्रभावित होने की वजह से ब्राजील के बड़े उद्यम और ठेकेदारों ने अपने देश के कुछ क्षेत्रों पर लगाए गए नियंत्रण कम किया। इस तरह विदेशी उद्यम ब्राजील के निर्माण में भाग ले सकते हैं। इससे पहले ब्राजील के उद्योग में चीनी पूंजी के बारे में कुछ संदेह मौजूद था। लेकिन दोनों पक्षों के बीच आपसी लाभ वाले सहयोग निरंतर गहराते जा रहे हैं, तो ब्राजील ने चीन के पूंजी निवेश को एक महत्वपूर्ण अवसर देखा।

गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन के लॉ स्कूल के प्रोफ़ेसर, चीनी ब्राज़ील अनुसंधान केंद्र के अध्यक्ष काओ वन योंग ने कहा कि दोनों देशों के आर्थिक और व्यापारिक निवेश तेजी से बढ़ने और लोगों के बीच आवाजाही दिन प्रति दिन घनिष्ठ होने के साथ विवाद और टक्कर होने की संभावना है। इसलिए आर्थिक और व्यापारिक निवेश के कानूनी मामले पर चीन और ब्राज़ील के बीच आदान-प्रदान आगे बढ़ाना दोनों पक्षों के बीच व्यापार और निवेश के सुचारू विकास की गारंटी के अनुकूल है।

काओ वन योंग ने कहा कि दोनों देशों के लिए एक दूसरे की अर्थव्यवस्था की वर्तमान बुनियादी स्थिति को समझने के साथ एक दूसरे की कानूनी व्यवस्था की स्थिति की जानकारी बढ़ने की आवश्यकता भी है। ब्राजील में चीन के निवेश का तेज विकास हो रहा है। ब्राजील के उद्यमियों और कानूनी पेशेवरों को चीन के साथ संपर्क करने, एक दूसरे के कानूनी विचार और काम करने के तरीके को समझने की जरूरत है।

चीनी अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक और व्यापार मध्यस्थता आयोग के उप महासचिव ली हू ने परिचय देते हुए कहा कि पिछले वर्ष इस आयोग द्वारा स्वीकार किए गए 476 अंतर्राष्ट्रीय मध्यस्थता के मामलों में ब्राज़ीलियाई दलों से जुड़े मामले हैं। लेकिन व्यापार बढ़ने से विवाद होने की स्थिति सामान्य है। उनका विचार है कि विदेशों में निवेश और व्यवसाय करने वाले चीनी उद्यमों को विवाद की रोकथाम और विवादों के समाधान के लिए प्रारंभिक तैयारी वाले काम करना चाहिए, ताकि रास्ते में आने वाली समस्याओं को समुचित रूप से हल किया जा सके। ली हू ने यह भी कहा कि चीनी अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक और व्यापार मध्यस्थता आयोग सक्रिय रूप से विदेशी मध्यस्थता संस्थाओं के साथ आदान-प्रदान और सहयोग कर रहा है, ताकि ग्राहकों को निष्पक्ष सेवाएं दी जा सकें।

ली हू ने कहा कि इस बार की ब्राजील यात्रा में चीनी प्रतिनिधि मंडल स्थानीय मध्यस्थता संस्थाओं के साथ आदान-प्रदान और सहयोग करने की उम्मीद रखता है, ताकि सूचना संचार और एक दूसरे के यहां पर कर्मियों की यात्रा बढ़ाई जा सके। अन्य एक महत्वपूर्ण कदम ये है कि एक दूसरे से मध्यस्थों की सिफारिश की जाए और मध्यस्थों को एक दूसरे के संस्थाओं में काम करने का मौका दिया जाए।

ब्राज़ील के कर्मचारी मार्कोस लुडविंग ने पिछले वर्ष चीनी अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक और व्यापार मध्यस्थता आयोग में भाग लिया और वह चीन में एक विदेशी मध्यस्थ बन गये। संगोष्ठी में उन्होंने अपने व्यावहारिक कार्य अनुभव बताया, चीन और ब्राज़ील की मध्यस्थता व्यवस्था और नियम में भिन्नता बतायी। उन्होंने कहा कि चीन ने ब्राज़ील से पहले मध्यस्थता व्यवस्था का विकास शुरू किया। चीन की मध्यस्थता व्यवस्था के कवरेज, विभाग विशेषज्ञता, वैकल्पिक व्यवस्था, लचीलापन आदि क्षेत्र में ब्राज़ील को सीखना चाहिए।

उन्होंने कहा कि चीन की मध्यस्थता व्यवस्था के अनुभव ब्राज़ील के बराबर है, लेकिन चीन सृजन का विभिन्न स्वरूप लाया है। ब्राज़ील को इन मूल्यवान अनुभवों और सकारात्मक सुविधाओं से सीखना चाहिए, ताकि अपनी मध्यस्थता व्यवस्था को सुधारते हुए मध्यस्थता की क्षमता को उन्नत किया जा सके।

वर्ष 1944 में स्थापित हुआ गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन ब्राज़ील और लैटिन अमेरिका क्षेत्र का पहला बड़ा थिंक टैंक है। वर्ष 2016 और 2017 में वह विश्व शीर्ष 10 थिंक टैंक में से एक बन चुका है। संगोष्ठी आयोजित होने के दिन गेटुलीओ वर्गास फाउंडेशन की आधिकारिक चीनी वेबसाइट के शुभारंभ समारोह का आयोजन भी किया गया। वर्तमन में इसकी आधिकारिक वेबसाइट पर पुर्तगाली, अंग्रेजी और चीनी तीन भाषाएं हैं।

(वनिता)

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