20171118

2017-11-20 15:15:20
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18 नवंबर आपकी पसंद

 

पंकज -  नमस्कार मित्रों आपके पसंदीदा कार्यक्रम आपकी पसंद में मैं पंकज श्रीवास्तव आप सभी का स्वागत करता हूं, आज के कार्यक्रम में भी हम आपको देने जा रहे हैं कुछ रोचक आश्चर्यजनक और ज्ञानवर्धक जानकारियां, तो आज के आपकी पसंद कार्यक्रम की शुरुआत करते हैं। 

अंजली श्रोताओं को अंजली का भी प्यार भरा नमस्कार, श्रोताओं हम आपसे हर सप्ताह मिलते हैं आपसे बातें करते हैं आपको ढेर सारी जानकारियां देते हैं साथ ही हम आपको सुनवाते हैं आपके मन पसंद फिल्मी गाने तो आज का कार्यक्रम शुरु करते हैं और सुनवाते हैं आपको ये गाना जिसके लिये हमें फरमाईशी पत्र लिख भेजा है, युनिवर्स यूथ क्लब, बाजिदपुर, चंग्वारा, पोस्ट लहदो, दरभंगा, बिहार से शंकर प्रसाद शंबू, अजित कुमार आलोक, अर्चना आलोक, अल्पना आलोक, कल्पना आलोक, शिव शंकर मंडल, मनीष कुमार मुखिया, लाल किशोर मुखिया, विश्वनाथ मुखिया, महावीर मुखिय, मोती लाल मुखिया और इनके सारे मित्रजनों ने आप सभी ने सुनना चाहा है फिल्म दिल अपना और प्रीत पराई (1960) का गाना जिसे गाया है लता मंगेशकर ने गीतकार हैं शैलेन्द्र और संगीत दिया है शंकर जयकिशन ने गीत के बोल हैं ------ 

सांग नंबर 1. अजीब दास्तां है ये ......  

पंकज -  जापान में एक कंपनी अपने उन कर्मचारियों को छै अतिरिक्त वैतनिक छुट्टियां दे रही है जो सिगरेट बीड़ी नहीं पीते।

   ये जानकारी दिलचस्प है, जापान की पियाला इंक ने अपने उन कर्मचारियों को सिगरेट छोड़ने के लिये एक बहुत अच्छा अवसर दिया है जिसमें उन्हें कोई सज़ा नहीं दी जा रही है बल्कि उन कर्मचारियों को छै अतिरिक्त छुट्टियां दी जा रही हैं जो सिगरेट नहीं पीते और वो भी वेतन के साथ। 

   दरअसल इस कंपनी में कुछ लोगों ने अपने बॉस से शिकायत की थी कि जब भी वो किसी प्रोजेक्ट पर काम करने लगते हैं तब उनके सिगरेट पीने वाले साथी बीच बीच में सिगरेट पीने के लिये काम से ब्रेक लेते हैं और हर बार ये ब्रेक करीब पंद्रह मिनट का होता है, क्योंकि उनका कार्यालय इमारत की 29वीं मंज़िल पर है। 

अंजली – मित्रों कार्यक्रम में हमारे अगले श्रोता हैं हमारे पुराने और चिरपरिचित श्रोता गुलशन रेडियो श्रोता संघ, कस्बा हाफ़िज़गंज, ज़िला बरेली, उत्तर प्रदेश से शकील अहमद इदरिसी, पप्पू भाई इदरिसी, इशरत जहां इदरिसी, जुबैद अहमद, जुनैद अहमद, अशद अहमद, आशकारा, बेबी ईशा और गुड़िया, आप सभी ने सुनना चाहा है फिल्म फिर कब मिलोगी (1974) का गाना जिसे गाया है लता मंगेशकर और मुकेश ने गीतकार हैं मजरूह सुल्तानपुरी और संगीत दिया है राहुल देव बर्मन ने और गीत के बोल हैं ------ 

सांग नंबर 2.  कहीं करती होगी वो मेरा इंतज़ार ...... 

पंकज -   इससे प्रोजेक्ट में काम करने वाले उन कर्मचारियों में कुंठा जागती है जो सिगरेट नहीं पीते। इसके साथ ही कंपनी के एक कर्मचारी ने सुझाव पेटी में अपना ये सुझाव लिखकर डाला था जिसपर कंपनी के मालिक ने ये फैसला सुनाया और कहा कि हम उन लोगों को सज़ा नहीं देना चाहते जो सिगरेट पीते हैं बल्कि उन लोगों को ईनाम देना चाहते हैं जो नहीं पीते।

 

   सितंबर महीने में हुई कंपनी की इस शुरुआत से अबतक 120 में से 30 कर्मचारी लाभ उठा चुके हैं।

जापान में करीब 18 फीसदी लोग सिगरटे पीते हैं विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट के मुताबिक तंबाकू निषेध नियमों की फेहरिस्त वाले देशों में जापान सबसे निचले पायदान पर है। एक दूसरी रिपोर्ट के मुताबिक ब्रिटेन में हर सिगरेट पीने वाले के चलते कंपनी को डेढ़ लाख रुपये की चपत लगती है,

 

अंजली – हमें अगला पत्र लिख भेजा है मल्थोने, ज़िला सागर, मध्यप्रदेश से धर्मेन्द्र सिंह और इनके सभी परिजनों ने आप सभी ने सुनना चाहा है फिल्म मशाल (1984) का गाना जिसे गाया है किशोर कुमार ने गीतकार हैं जावेद अख़्तर और संगीत दिया है हृदयनाथ मंगेशकर ने गीत के बोल हैं ------ 

सांग नंबर 3. ज़िंदगी आ रहा हूं मैं ..... 

पंकज -   वहीं दूसरी तरफ़ अमेरिका में सिगरेट पीने के लिए ब्रेक लेने वाले हर कर्मचारी के चलते कंपनी को अलग से दो लाख रुपये की सालाना चपत लगती है। वर्ष 2015 की एक रिपोर्ट के मुताबिक विश्वभर के 11.2 फीसदी सिगरेट, बीड़ी पीने वाले लोग भारत में रहते हैं। 

पंकज -   इस केमिकल के जरिए दिमाग पर किया जा सकता है कंट्रोल, रिसर्च में दावा 

न्यूरोट्रांसमीटर एक तरह का केमिकल होता है जो दिमाग के नर्व सेल तक मैसेज पहुंचाता है। ऐसा ही न्यूरोट्रांसमीटर है GABA

साइंटिस्ट ने अब एक ऐसे केमिकल की खोज कर ली है जो किसी भी व्यक्ति के दिमाग पर कंट्रोल कर सकेगा। जी हां, इसकी मदद से दिमाग में आने वाले बुरी ख्याल और बुरी यादों को मिटाया जा सकेगा। ये दिमाग के मेमोरी एरिया पर असर करेगा।Journal of Nature Communications, रिसर्च के मुताबिक दिमाग में ख्याल आना और नहीं आना न्यूरोट्रांसमीटर पर निर्भर करता है। न्यूरोट्रांसमीटर एक तरह का केमिकल होता है जो दिमाग के नर्व सेल तक मैसेज पहुंचाता है। साइंटिस्ट के अनुसार ऐसा ही न्यूरोट्रांसमीटर है gamma-Aminobutyric acide या GABA

 

अंजली -  मित्रों अभी यहां पर हम एक छोटा सा ब्रेक लेंगे और आपको सुनवाएंगे आपकी पसंद का अगला गीत जिसके लिये हमें फरमाईशी पत्र लिख भेजा है हरिपुरा झज्जर, हरियाणा से प्रदीप वधवा, आशा वधवा, गीतेश वधवा, मोक्ष वधवा और निखिल वधवा ने आप सभी ने सुनना चाहा है फिल्म जल महल (1980) का गाना जिसे गाया है लता मंगेशकर ने गीतकार हैं मजरूह सुल्तानपुरी संगीतकार हैं राहुल देव बर्मन और गीत के बोल हैं ------

 

सांग नंबर 4. देख रहा कोई आज .....

 

पंकज  -  GABA दिमाग में मौजूद एक ऐसा केमिकल है जो न्यूरोनल गतिविधि को कंट्रोल में रखता है। ये बाकी नर्व सेल के काम को प्रभावित करता है।

ऐसे कर सकता है ख्यालों पर कंट्रोल
- University of Cambridge
के प्रोफेसर माइकल एंडसरन के मुताबिक GABA दिमाग के मेमोरी स्टोरी करने वाले क्षेत्र (Hippocampus) पर असर कर पुरानी यादों या बुरे ख्यालों को रोकने में व्यक्ति की मदद कर सकता है। Hippocampus वह क्षेत्र होता है जो व्यक्ति के इमोशन, शॉर्ट टर्म मेमोरी और लॉन्ग टर्म मेमोरी को स्टोर करने में मदद करता है।

 

अंजली -  अगला पत्र हमारे पास आया है दौलतबाग, मुरादाबाद, उत्तर प्रदेश से जिसे लिख भेजा है जाफ़र हुसैन, नईमा बेगम, कासिम अली, नदीम अली और जुनैद अब्बासी ने आप सभी ने सुनना चाहा है फिल्म परवरिश (1977) का गाना जिसे गाया है मोहम्मद रफ़ी, किशोर कुमार और शैलेन्द्र सिंह ने गीतकार हैं मजरूह सुल्तानपुरी और संगीत दिया है लक्ष्मीकांत प्यारेलाल ने गीत के बोल हैं

5.   हम प्रेमी प्रेम करना जानें ..... 

 

पंकज  - एंडरसरन के मुताबिक एक एक्सपेरीमेंट में GABA का इस्तेमाल में स्ट्रेस, डिप्रेशन और किसी घटना से सदमे में पहुंचे लोगों पर किया गया तो यह सामने आया कि इससे उन्हें बुरी यादों को आसानी से भूलने में मदद मिली। दूसरे शब्दों में कहें तो लोग अपने दिमाग पर कंट्रोल कर पा रहे थे।

- एंडरसन के मुताबिक इसे सप्लीमेंट के तौर पर लिया जा सकता है। जो लोगों को डिप्रेशन से भी बचाएगा।

माना जा रहा है कि GABA को लेकर अगर आगमी टेस्ट सफल रहे तो इससे मेंटल डिसॉर्डर और पागलपन की बीमारी को भी ठीक किया जा सकेगा। 

अंजली – अगला पत्र हमें लिखा है हमारे नए श्रोता ने इनका नाम है तौसीफ़ शोकी, छोटी, सजा बानो और मोहम्मद अकबर ने इनका पत्र हमारे पास आया है दरवेश बाग, पत्तन, बारामूला कश्मीर से आप सभी ने सुनना चाहा है

फिल्म दोस्ताना (1980) का गाना जिसे गाया है किशोर कुमार और आशा भोंसले ने गीतकार हैं आनंद बख्शी और संगीत दिया है लक्ष्मीकांत प्यारेलाल ने गीत के बोल हैं -----

सांग नंबर 6. दिल्लगी ने दी हवा  ..... 

पंकज तो मित्रों इसी के साथ हमें आज का कार्यक्रम समाप्त करने की आज्ञा दीजिये अगले सप्ताह आज ही के दिन और समय पर हम एक बार फिर आपके सामने लेकर आएंगे कुछ नई और रोचक जानकारियां साथ में आपको सुनवाएँगे आपकी पसंद के फिल्मी गीत तबतक के लिये नमस्कार।

अंजली - नमस्कार।  

 

 

 

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