टिप्पणी:महामारी कार्य क्षमता बढ़ाकर महामारी की रोकथाम में सफल हो
चीनी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव शी चिनफिंग ने हाल ही में पार्टी के पोलिट ब्यूरो के स्थायी सदस्यों की बैठक में कहा कि महामारी की रोकथाम के कार्यांवयन पर जोर देना चाहिये।
महामारी की रोकथाम का विन्यास करने की तुलना में कार्यांवयन का और अधिक महत्व होता है। रोकथाम के कार्यों में केंद्र के विन्यास का कार्यांवयन करने की बड़ी आवश्यकता है। इधर के दिनों में चीनी कम्युनिस्ट पार्टी की केंद्रीय कमेटी के पोलिट ब्यूरो के स्थायी सदस्यों ने दो बार बैठक बुलाकर महामारी की रोकथाम पर कार्यां का विन्यास किया। विन्यास का कार्यांवयन महामारी के खिलाफ लड़ाइयों के परीणाम से संबंधित है। चीन में नये कोरोना वायरस संक्रमण के फैलने के बाद चीन के विभिन्न क्षेत्रों ने महामारी के खिलाफ लड़ना शुरू किया। वुहान शहर में दस दिनों के भीतर हुओशेनशान अस्पताल का निर्माण किया, आठ हजार चिकित्सकों को देश के दूसरे क्षेत्रों से हूपेइ प्रांत भेजे गये। और देश के दूसरे क्षेत्रों की सहायता से वुहान शहर में चिकित्सा और जीवन उपयोगी साजोसामानों की आपूर्ति की गारंटी दी गयी है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के महानिदेशक ने कहा कि महामारी को रोकने में चीन की कार्य क्षमता और कारगर कदम अद्भुत है।
लेकिन वर्तमान में महामारी को रोकने में फिर भी नयी-नयी समस्याएं मौजूद रही हैं। संक्रमण से लड़ने के दौरान आपातकालीन प्रबंधन, सार्वजनिक स्वास्थ्य और राष्ट्रीय भंडार के क्षेत्रों में चीन की कमजोरी भी दिखने लगी है। इस स्थिति से चीनी नेता ने कार्य क्षमता को बढ़ाने और विन्यास के कार्यांवयन पर जोर लगाने से महामारी को रोकने की दिशा स्पष्ट की है। इस का मतलब है कि महामारी को रोकने के लिए केवल दस्तावेज का प्रकाशन नहीं, ठोस कार्यवाही करनी ज्यादा जरूरी है और कर्तव्य निभाते समय जिम्मेदारी सबसे छोटी इकाइ तक लागू करनी होगी।
अब सबसे अहम काम है कि रोगियों का पूरी शक्ति से ईलाज किया जाना चाहिये और चिकित्सा उपयोगी सामग्रियों की गारंटी दी जानी चाहिये। इलाज दर में सुधार लाने के साथ-साथ मृत्यु दर को कम करना पड़ेगा। एक तरफ चिकित्सीय संसाधन को संक्रमण ग्रस्त क्षेत्रों में पहुंचाया जाएगा, दूसरी तरफ विभिन्न क्षेत्रों को अपने संक्रमण रोधी कार्यों में देशव्यापी प्रभाव पर विचार करना चाहिये। संक्रमण रोकने के साथ साथ दैनिक आवश्यकताओं की आपूर्ति और कारोबारों में कामकाजों की बहाली पर भी विचार करना चाहिये। यह आर्थिक विकास और सामाजिक स्थिरता से भी जुड़ा है। कुछ समय पूर्व चीनी केंद्रीय बैंक ने "वित्तीय अनुच्छेद 30" जारी कर महामारी को रोकने और आर्थिक विकास को बनाये रखने का साथ दिया। विश्व के प्रमुख आर्थिक संगठनों ने भी चीनी अर्थतंत्र के भावी विकास के प्रति आश्वासन जताया।
बेशक महामारी की रोकथाम में चीन की शासन क्षमता और शासन व्यवस्था की परीक्षा की जा रही है। विश्वास है कि कार्य क्षमता को बढ़ाकर केंद्र के विन्यास का कार्यांवन करने के जरिये चीन महामारी के खिलाफ विजय हासिल करेगा।
( हूमिन )