चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधि, तिब्बत स्वायत्त पर्देश के अध्यक्ष बादमा त्सिंले ने कहा कि तिब्बत में विभिन्न बड़े मंदिरों में साल भर धार्मिक अनुयायियों की भीड़े लगी रही हैं। हर साल ल्हासा में प्रार्थना करने के लिये यहां आने वाले अनुयायियों की संख्या दस लाख से ज्यादा है। उन्होंने कहा कि तिब्बत में तथाकथित धार्मिक स्वतंत्रता को दबाने की कोई समस्या नहीं है। तिब्बती लामा बौद्ध धर्म पीढ़ी-दर-पीढ़ी विकसित हो रहा है।
तिब्बती संस्कृति पर दमन करने की चर्चा में चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधि, तिब्बत के आली क्षेत्र के अधिकारी दावा ताशी ने कहा कि यह तिब्बत की वास्तविक स्थिति से बिलकुल मेल नहीं खाता है। तिब्बती संस्कृति के मुख्य भाग के रुप में तिब्बती भाषा व लिपी पिछली आधी शताब्दी में विस्तृत रूप से पढाई जाती है और विकसित की जा रही है।
चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधि, शिनच्यांङ के इस्लाम धर्म संघ के उपाध्यक्ष, काशी शहर के एटिगार मस्जिद के हालटिफ़ जूमा टाइल ने कहा कि शिनच्यांङ में धार्मिक नेताओं के कड़े प्रबंध व नियंत्रण से जुड़े अमरीका के कथन वास्तविकता के बिल्कुल विपरीत है। वे स्वयं प्रतिदिन अनुयायियों का नेतृत्व करके प्रार्थना करते हैं, और प्रतिनिधि के रूप में देश के राजनीतिक मामलों के निपटारे में भी भाग लेते हैं, यह तथ्य ही है।
चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधि, शिनच्यांङ वेवूर स्वायत्त प्रदेश के अध्यक्ष नुएर बाइकेली ने कहा कि चीन अन्य देशों की तरह कानून के आधार पर इन्टरनेट का प्रबंध करता है। शिनच्यांङ में इन्टरनेट के प्रबंधन कदमों ने 5 जुलाई की घटना का समाधान करने के लिये महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है। अब सभी व्यवसायिक वेबसाइट 100 प्रतिशत खुली हुई हैं। अन्य वेबसाइट भी जल्द ही खली जाएंगी।(चंद्रिमा)















